जनकृति अंतरराष्ट्रीय पत्रिका का अंक 23, जनवरी-मार्च 2017 सयुंक्त अंक आप सभी के समक्ष प्रस्तुत है. यह अंक आप पत्रिका की वेबसाईट [www.jankritipatrika.in] पर पढ़ सकते हैं. यह अंक जनकृति के नए स्वरुप के साथ प्रस्तुत है...... इसमें मेरी भी छः कविताएँ प्रकाशित हुई है। इसके लिए कुमार गौरव मिश्रा जी(प्रधान संपादक) एवं समस्त संपादक मंडल के सदस्यों को हृदय से धन्यवाद। @ मनोरंजन कुमार तिवारी 




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